प्रेमानंद संकीर्तन गोष्ठी का आयोजन, श्राद्धालुओं की जयकारा से गूंज उठा वातावरण

जीवन मंत्र

श्रवण आकाश‌‌ की रिपोर्ट

खगड़िया : जिले अंतर्गत परबत्ता प्रखण्ड के चक प्रयाग गाँव निवासी संजीत कुमार संगीत के आवास स्थल पर हुई प्रेमानंद संकीर्तन गोष्ठी, जिसमें सैकड़ों लोगों ने भगवान श्रीराम की कथा व संगीतमय कार्यक्रम का आनंद उठाया। यह गोष्ठी सन् 1997 ई० से अनवरत चलती आ रही है! प्रेमानंद संकीर्तन पुरे इलाकों में अपनी एक अलग पहचान बना रखी है‌। इसका शुभारंभ माँ भगवती मंदिर, डुमरिया बुजुर्ग से की गई थी। जिसमें स्वर्गीय सच्चिदानंद सिंह की श्रमदान, समयदान व अंशदान से की गई थी। वर्तमान में रविन्द्र झा, दुर्गा चरण, अक्षय मयंक पंडित और वरूण मिश्र आदि सदस्यगण की सहयोग से ही गोष्ठी प्रातः 10 बजे से संध्या 6 बजे तक चलती है। जिसमें परबत्ता प्रखण्ड के सभी गायक – गायिका नि:शुल्क भाग लेते हैं। इस गौष्ठी की शुरुआत भगवान की जय जयकारा व मंगलाचरण, रामचरितमानस से बारी – बारी तीन दोहे का गायन एवं अर्थ किया जाता है! साथ ही साथ प्रवचन वक्ताओं द्वारा प्रवचन और सभी गायक – गायिकाओं द्वारा भजनों की प्रस्तुति किया जाता है! प्रेमानंद संकीर्तन गोष्ठी के द्वारा काफी धुमधाम से वार्षिकोत्सव समारोह भी बनाया जाता है जिसमें राज्य स्तरीय प्रवचन वक्ताओं और गायक कलाकार का आगमन होता है।

जिसमें सोमवार को गायिका लक्ष्मी कुमारी ने मधुर छठ गीत कांचहि बांस के बहंगियां हो दिनानाथ और बंहगि लचकत जाय की प्रस्तुति से सबका मन मोह लिया। वही पर मौजूद गजल गायक प्रतीक कुमार ने राधे कृष्णा भजन ऐसी लागी लगन से तो सभी श्रोताओं का मन मोह लिया। सभी ने इन दोनों कलाकार को तालीयों की गरगराहट से उत्साह बढ़ाया। इस भब्य गोष्ठी के मंच संचालन चक प्रयाग निवासी रोशन कुमार ने भी मधुर वक्तव्य सह शैरों शायरी से सभी कलाकारों, प्रवचन कर्ताओं और दर्शकों का दिल जीत लिया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *